मानवाधिकार संगठन का दावा, चीन की मॉनिटरिंग और सेंसरशिप में पश्चिमी देशों की भूमिका
व्यापार: पाकिस्तान में बढ़ती व्यापक निगरानी और ऑनलाइन सेंसरशिप के बुनियादी ढांचे को चीन, यूरोप, उत्तरी अमेरिका और संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) में स्थित आईटी कंपनियों की एक वैश्विक वेब की आरे से संचालित किया जा रहा है। एमनेस्टी इंटरनेशनल की मंगलवार को जारी एक नई रिपोर्ट में यह बात कही गई है।
"शैडोज ऑफ कंट्रोल" शीर्षक वाली रिपोर्ट में बताया गया है कि किस प्रकार विदेशी कंपनियों की सहायता से देश में अत्याधुनिक निगरानी उपकरण तैनात किए जा रहे हैं। इससे पाकिस्तानी अधिकारियों को अभूतपूर्व पैमाने पर डिजिटल संचार की निगरानी, सेंसर और नियंत्रण करने की अनुमति मिल रही है।
रिपोर्ट के अनुसार, कई अंतरराष्ट्रीय मीडिया और मानवाधिकार संगठनों के सहयोग से एक वर्ष से अधिक समय तक की गई जांच से पता चला है कि कैसे पाकिस्तानी अधिकारी दो मुख्य प्रणालियों, वेब मॉनिटरिंग सिस्टम (डब्ल्यूएमएस 2.0) और वैध इंटरसेप्ट मैनेजमेंट सिस्टम ( एलआईएमएस ) का उपयोग व्यापक निगरानी करने और ऑनलाइन सामग्री को सेंसर करने के लिए कर रहे हैं, जिसमें वस्तुतः कोई निरीक्षण या पारदर्शिता नहीं है।
एमनेस्टी के अनुसार , पाकिस्तान का WMS 2.0 एक राष्ट्रव्यापी फ़ायरवॉल के रूप में कार्य करता है, जो इंटरनेट तक पहुंच और राज्य द्वारा "गैरकानूनी" समझी जाने वाली विशिष्ट ऑनलाइन सामग्री को अवरुद्ध करने में सक्षम है।
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